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भाभी और कामवाली की चुदाई

हेलो दोस्तों मेरा नाम राज है और मेरी उम्र २१ साल है. मेरे घर में हम चार लोग हैं. मैं, मेरा बड़ा भाई किशन, उसकी वाइफ ललिता और हमारी मम्मी देवी, मेरे भाई की शादी को २ साल हो गए है. और उसकी पोस्टिंग बेंगलुरु में हुई जबकि हम दिल्ली में रहते हैं.

भाभी की और मेरी अच्छी बनती थी और मैं कॉलेज गोइंग बॉय था. उनसे बातें करना अच्छा लगता था हमारी एक कामवाली थी कविता. उसकी उम्र ४५ साल थी. बड़ी बिंदास और बोल्ड थी. उसके चुचे बड़े मोटे थे और टाइट ब्रा सूट पहनती थी कि आधे चुचे निकले रहते पर थोड़ी सावली थी. चुचे उसके शाइन करते हैं यह मुझे बाद में पता चला कि वह तेल लगाती है चूचो पर.

वह हमारे घर आती और काम निपटा के जाती मेंने एक दिन नोटिस किया कि हर हफ्ते वह एक बार काम निपटा के मम्मी के कमरे में जाती और एक बार भाभी के और एक घंटे बाद निकलती.

एक दिन निकलते हुए भाभी बेडरूम के दरवाजे पर उसे ५०० रूपये देती है और वह उसे अपनी ब्रा में रख लेती है. मुझे बड़ा अजीब लगा ऐसा एक दिन मां ने भी किया, मैं सोचने लगा चक्कर क्या है? एक दिन में और भाभी अकेले थे घर पर मैंने भाभी से पूछा भाभी एक बात पूछूं? वह बोली क्या?

मैंने कहा आप और मां कामवाली को ५०० रूपये क्यों देते हो हर हफ्ते? वह थोड़ा नर्वस हो गई और बोली अरे वह मेरे और मम्मी जी को बॉडी पेन होता है तो हम मालिश करवाते हैं.

तो मैंने कहा ५०० कुछ ज्यादा नहीं है. वह बोली अरे मालिश वाली मिलती कहां है मैंने सोचा हां यार यह भी है. अब बात संभल गई पर कुछ खटक रहा था मन में.

कुछ दिन बाद मुझे एक आईडिया आया मैं कॉलेज से जल्दी घर आया और करहाते हुए बोला क्रिकेट खेलते हुए गिर गया. कमर और पैर में लगी मेडिकल स्टोर से कुछ पेन किलर ले आया और बोला डॉक्टर ने कहा है यह दवाई लो और यह ऑयल है मसाज करो. मम्मी ने बोला बेटा तू आराम कर मैं अपनी कामवाली को बोलूंगी तेरी मसाज कर दे.

थोड़ी देर बाद मेरे दरवाजे पर नॉक हुआ तो भाभी, मम्मी और कामवाली खड़े थे, मम्मी ने बोला कविता राज को मैसेज कर दे इसको चोट लगी है. वह बोली ठीक है इतना कह के वह तेल की बोतल लेकर अंदर आई, और दरवाजे की कुंडी लगा दी बोली राज साहब कहां दर्द है? मैंने बोला पूरी बॉडी पर.

वह बोली ठीक हे कपड़े उतारो और अपना दुपट्टा उतार कर बेड पर फेंक दिया. क्या बताऊं तो उसकी सावली चूची उसके ब्लू सिल्क के सूट फाड़ने वाली थी चमकते हुए दिख रही थी. मैं उंहें देखने लगा और वह बोली क्या देख रहे हो?

मैं भी मौके का फायदा लेते हुए अंडर वियर में अपना लंड सहलाते हुए बोला जो आप दिखाते हो सबको. वह भी हंस पड़ी और बोली उल्टा लेटो तो मैं लेट गया और वह कमर पर हाथ डाल के सहलाने लगी उसके टच से मेरा लंड खड़ा हो गया.

तभी वह मेरी टांगों पर आई और बोली चुतड पर भी करूं?? यह सुनकर मजा आ गया. मैं मासूमियत से बोला लगी तो यहां भी है, आप देख लो कर सको तो.

वह बोली मुझे क्या प्रॉब्लम होती और कह के मेरा अंडरवियर नीचे कर दिया घुटनों तक. मेरा खड़ा लंड बिस्तर से रगड़ रहा था और वह मेरी गांड मसल रही थी, मजा आ रहा था. तभी वो रुकी और बोली सीधे हो जाओ और मेरा चड्डी पैरों से भी निकाल दिया. अब मैं पूरा नंगा था. मैं शरम रहा था. तो बोली की आइल मसाज भी  क्या कपड़े पहन कर होती है?

चलो जल्दी सीधे लेटो में भी मौका नहीं छोड़ना चाहता था. मैं सीधा हो गया मेरा लौड़ा फनफना हुआ बाहर आया. कविता मुस्कुराई और बोली वाह बाबा हथियार तो तगड़ा है.

फिर उसने तेल लिया और सीने से नीचे की तरफ तेल लगाते हुए लंड तक पहुंची और उस पर भी तेल लगाने लगी. मैंने आंखें बंद दी और इंजॉय करने लगा. मैंने बोला कविता कर कुछ एक्स्ट्रा सर्विस दो तो मे एक्स्ट्रा  भी पे कर दूंगा. वह हंसी और बोली क्या लोगे?

मैंने बोला सब तो बोली हजार लगेंगे मैंने बोला बिल्कुल दूंगा एकदम उसने मेरा लौड़ा मुंह में लिया और चूसने लगी. क्या बताऊं गर्माहट मिली मजा आ गया. मैंने उसके बालों में हाथ फिराया और लंड अंदर तक पेलना लगा.

फिर में रुका और उसके होंठ चूसने लगा और सूट उतार दिया. बड़े बड़े खरबूजे साइज चुचे.. मजा आ गया देख कर वाइट ब्रा में. वह भी खोली सांवले चिकने चुचे मोटे मोटे काले काले निपल में चुसता गया और उसका नाडा खोला वह भी बीना पेंटी थी.

मैंने उसे नीचे लेटाया और चुचे दबाने लगा. मैंने लंड सेट किया और डालने लगा. उसने भी गांड उपर करी और पूरा लंड अंदर ले लिया और चुदाई शुरू की. में धक्के मारते गया वह आह्हो ह्ह्ह ओह्ह हहह इह हां ओम्म्म उह्ह्ह अह्ह्ह ओह्ह ओम्म्म  और चोदो बहन के लोड़े मार मेरी चूत.

मुझे तभी लगा कि वह चिल्ला रही है कही भाभी और मा ना सुन ले पर मैं रुक नहीं रहा था और वह चुप नहीं हो रही थी. मैं भी अब पेलता गया और हांफते हुए जडने लगा और उस पर लेट गया तुझे चूसते हुए लंड बाहर निकाल कर लेट गया.

तभी नॉक हुआ और कविता उठी मैं फटाफट कपड़े ढूंढ रहा था. इतने में कविता ने नंगे ही दरवाजा खोल दिया. मैंने अभी अंडरवियर भी नहीं पहना था और मम्मी और भाभी मेरे सामने थी.

तभी मम्मी बोली कोई नहीं राज हमने सब देखा है पिछले २ घंटे का सेक्स प्रोग्राम और हम लोगों ने ही कविता को तेरे पास भेजा था ताकि वह जान सके तू सेक्स में इंटरेस्टेड हे या नहीं. आगे मुझे पता चला की कविता मम्मी और भाभी को भी मैसेज के बहाने से सेटिसफाइ करती है.

तभी भाभी आई और मेरा लंड सहलाने लगी और मम्मी बोली चलो तुम एंजॉय करो. मैं राज से रात को मिलूंगी, अभी कहीं जाना है, तो भाभी हंसी और बोली पता है क्लब जाना होगा अपनी सहेलियों से मजा करने, भाभी लंड चूसने लगी और कविता मुझे अपना चुचा पिलाने लगी.

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