सेक्सी भाभी पार्क में मिली और कार में चुदी

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हेल्लो दोस्तों मेरा नाम विजय हे और मैं दिल्ली से हूँ. ये मेरी पहली ही कहानी हे तो लिखने में कुछ गलती हो तो माफ़ कर देना. मैं अभी 22 साल का हूँ और मेरी हाईट अच्छी हे करीब 6 फिट जितनी. मेरा लंड भी इतना बड़ा तो हे की वो किसी की चूत को भी शान्त कर दे. आज मैं आप को एक शादीसुदा औरत के साथ मेरे सेक्स की कहानी बताने के लिए आया हूँ. ये औरत मेरे से चुदवा के मेरी चुदाई की पार्टनर बनी.

उसका नाम दीपाली हे और उसकी उम्र 24 साल हे. वो मेरिड हे और एक दिन मैं उसे जोगिंग करते हुए पार्क में मिला था. वो चहरे से बड़ी क्यूट हे और उसका पूरा बदन एकदम सेक्सी हे. उसके बूब्स बहुत बड़े नहीं हे, लेकिन जो भी हे लंड खड़ा करने वाले हे. और गांड भी उसकी एकदम टाईट लगती हे जोगिंग वाले कपड़ो में.

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एक शाम को मैं पार्क में जोगिंग करते हुए उसे उसे मिला था. वो पार्क मेरे घर के पास में ही हे. पहले मेरा जोगिंग का कोई फिक्स समय नहीं था. लेकिन इस भाभी को देखने के बाद मैंने अपना समय फिक्स कर दिया. जब भी वो जोगिंग करती तो मैं उसके पीछे ही जोगिंग करता और उसकी उछलती हुई गांड को देखता. हम दोनों की नजरें मिलती तो स्माइल की आप ले हो जाती थी.

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सेक्सी भाभी की मटकती हुई गांड

उस दिन उसने ब्लेक कुर्ती और मेचिंग पाजामा पहना हुआ था. वो बड़ी ही हॉट और क्यूट लग रही थी उन कपड़ो में. और उस दिन मैंने सोचा की कुछ भी कर के उसे पाना हे. मैं उसके पीछे जोगिंग कर रहा था. हवा से उसकी कुर्ती ऊपर निचे हो रही थी और उसकी स्मूथ और फर्म गांड को देख के मेरा लंड खड़ा हो रहा था. मैं तो चाहता था की उसको पीछे से पकड़ के वही पार्क में झुका दूँ और उसकी चूत की चुदाई कर दूँ खुले आसमान के निचे ही!

करीब 2 राउंड खत्म करने के बाद मैं उसके आगे आ गया और ऐसे चलने लगा की जैसे मुझे उसकी कोई परवाह नहीं थी. कुछ देर चलने के बाद मैंने देखा की अब बहुत कम लोग थे इस सेक्शन में थे. उसे देख के मैं रुका और अपने मोबाइल को निकाल लिया. मैंने जानबूझ के ऐसे ब्रेक लगाईं थी की वो मेरे से आ के टकरा जाए. और मुझे उसके निपल्स का अहसास हुआ जब वो मेरे अंदर बम्प हुई. और मेरा हाथ भी उसकी जांघ और चूत वाले हिस्से को टच हो गया. मैं सोरी कहूँ उसके पहले ही उसने सोरी कहा और मेरे से दूर हो गई.

वो कुछ पल बड़े ही सुहाने थे मेरे लिए. जब उसने सोरी कहा तो मैंने उसके लिप्स देखे थे जो रस से भरे हुए थे. और मैं तो जैसे खो सा गया था. उसने मुझे कंधे से पकड़ा तो मैं होश में आया. उसने मुझे पूछा की ठीक तो हो आप?

मैंने हां कहा तो उसने राहत की सांस ली और उसके छोटे से बूब्स ऊपर की और उठे. मैं अभी भी उसके बूब्स को ही घुर रहा था. उसने कहा क्या देख रहे हो? मैंने कहा आप की खूबसूरती! वो बलश कर गई और फिर हम दोनों पार्क के अन्दर ही एक बेंच के ऊपर बैठ के बातें करने लगे.

उसने मुझे पूछा की आप मुझे देख के स्माइल देते हो मैंने काफी दफा आप को देखा हे.

मैंने अपनी सब हिम्मत को जुटा लिया और उसको कहा आप बहुत ही सुंदर हो. वो हंस पड़ी और मैंने आगे कहा मैं बस आप को एक किस करना चाहता हूँ.

वो बोली: अरे आप अपनी लिमिट में रही मिस्टर मैं एक शादीसुदा औरत हूँ!

मैंने कहा, मैं जानता हूँ इसलिए किस गालों पर मांग रहा हूँ होंठो पर नहीं!

मेरी इस बात को सुन के वो अपनी हंसी छिपा नहीं सकी. और बोली, बस एक ही लेकिन!

वो बोली: लेकिन यहाँ पर नहीं यहाँ कोई देख लेगा.

मैंने कहा चलो पार्क के बहार मेरी गाडी खड़ी हे उसके अन्दर.

वो बोली, वहां तो कोई देख लेगा.

मैंने कहा: अरे उसकी टिंटेड ग्लास ऊपर कर लूँगा.

मैं उसे ले के कार में चला गया. ग्लास खिंच के मैंने गाडी का एसी ओन कर दिया. फिर उसे कमर से पकड़ के मैंने अपनी तरफ खिंचा तो वो बोली, ये क्या कर रहे हो. मैंने कहा कुछ मत बोलो और अपनी आँखों को बंद कर दो. मैंने उसकी जांघो की साइड में अपनी जांघो को टच करवा दी. और फिर मैंने उसके गाल के ऊपर एक किस कर दी. और फिर मेरा हाथ भी इधर उधर चलने लगा. वो कुछ नहीं बोली और मैंने अपने हाथ को उसके बूब्स के ऊपर रख दिया.

कार के अन्दर मजेदार सेक्स भाभी के साथ

मुझे ऐसा था की वो मना करेगी ऐसे टच करने में. लेकिन वो कुछ नहीं बोली और मैं उसके बूब्स को मसलने लगा. वो इधर उधर देख रही थी. मैंने कहा आप घबराओ नहीं बहार से कोई अन्दर नहीं देख सकेगा. फिर मैंने उसकी चूत के ऊपर भी हाथ रख दिया. वो भी मूड में आ चुकी थी. उसने अपनी कुर्ती को अपने हाथ से ऊपर कर दिया. उसकी स्पोर्ट्स ब्रा के अन्दर उसके बूब्स एकदम सेक्सी लग रहे थे. मैंने हाथ को ब्रा में ऊपर से अन्दर डाला और वो सिहर उठी. उसने अपने हाथ को आगे कर के मेरे लंड को टच कर लिया. मेरी ट्रेक पेंट में मेरा लंड एकदम कडक हुआ पड़ा था.

मैंने लंड को बहार कर दिया ट्रेक को निचे कर के. वो लंड को गियर के डंडे के जैसे पकड के हिलाने लगी. वो चुदासी हो चुकी थी. मैंने उसके बूब्स बहार कर के उसके अन्दर अपना मुहं डाल दिया. मेरा लंड एकदम कडक हो चूका था. वो बोली: चलो पीछे की सिट पर चलते हे. मैं उसे ले के पीछे चला गया. वहां पर हमने 69 पोज बना ली. वो मेरे लंड को सक कर रही थी और मैं उसकी चूत को चाटने लगा था कपड़ो के ऊपर से ही.

फिर मैंने उसकी पजामी को भी खोला, वो कुछ नहीं बोली. मैंने उसकी बाल वाली चूत को जल्दी से जबान को नुकीली कर के चाटना चालू कर दिया. उसने भी मेरा पूरा लंड अपने मुहं में भर लिया था. एक मिनिट में ही वो पुरे लंड को अन्दर ले के सक दे रही थी.

फिर मैंने उसे कहा की चलो अब तुम मेरी गोदी में आ जाओ. वो लंड को पकड़ के अपनी चूत में ले के मेरी गोदी में बैठ गई. मैंने उसके छोटे से बूब्स को पकड़ के चोदने लगा था. और वो भी कमर को ऊपर निचे कर के अपनी चूत को मरवाने लगी थी.

2 मिनिट में ही मेरे लंड का पानी उसकी चूत में निकल गया. वो बोली चलो जल्दी से कपडे पहन लो.

हमने कपडे पहन लिए और वो निचे उतर गई कार से. उसने इधर उधर देखा और फिर मैं भी बहार निकला. वो बोली, चलिए फिर मिलती हूँ आप को कल जोगिंग में.

मैंने कहा, अरे मैंने आप का नाम तो पूछा ही नहीं! सोरी!

वो बोली: मेरा नाम फरजाना खान हे!

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