Hindi Sex Stories

Porn stories in Hindi

पड़ोसन चाची को बाथरूम में चोद आया

मेरा नाम सुमेर हे और मैं बंसवाड़ा का रहनेवाला हूँ. मेरी हाईट 5 फिट 4 इंच हे और रंग गोरा हे. एक्सरसाइज की आदत पहले से ही हे इसलिए मेरी बॉडी एकदम फिट और चुस्त हे. मेरे लंड का साइज़ नोर्मल ही हे जो किसी भी उम्र की लड़की या आंटी को पूरी तरह से सटिसफाई कर सकता हे. ये चुदाई की कहानी मेरे पड़ोस में रहने वाली एक चाची की हे. उनकी शादी को अभी दो साल हुए हे और उनको एक बेटा भी हे.

चाची का फिगर 30 28 32 हे और देखने में वो मस्त माल लगती हे. उसकी शादी में जब मैंने पहली बार देखा था तब से मैं उनका दीवाना हूँ. चाची से मेरी अच्छी पटती थी और हम हमेशा मजाक मस्ती किया करते थे. जब भी वो तैयार होकर कहीं जाती थी तो मुझ से पूछती थी की कैसी लग रही हूँ! तो मैं भी बोला देता था की मस्त लग रही हो आप.

एक दिन रात को मैंने चाची के नम्बर पर टेक्स्ट किया. कोई रिप्लाय नहीं आया उसका. फिर जब मोर्निंग में मैं चाची से मिला तो चाची ने उसके बारे में पूछा. तो मैंने बात को टालते हुए कहा की बस नींद नहीं आ रही थी तो आप से बात करने के लिए मेसेज कर दिया था. बस फिर क्या था चाची और मेरी बातें अब मेसेज में होने लगी. रात रात भर हम दोनों जाग के एक दुसरे को मेसेज करते थे. धीरे धीरे चाची को भी ये अहसास हो गया की मैं उन्हें पसंद करता हूँ. शायद वो भी मुझे पसंद करने लगी थी.

कुछ दिन में तो चाची मेरे साथ एकदम खुल के बातें करने लगी थी. और कभी कभी तो सेक्स चेटिंग भी हो जाती थी हम दोनों के बिच में.

फिर एक दिन चाची ने मुझ से पूछ लिया की मैं उस से क्या चाहता हूँ. तो मैंने ज्यादा ना मांगते हुए बस एक किस करने को बोला तो चाची फट से मान गई. और अकेले होने पर किस देने का प्रोमिस किया उसने. उसके बाद में उनके अकेले होने का वेट करने लगा. और वो दिन भी जल्दी ही आ गया. उस दिन चाची के घरवाले किसी शादी में जाने के लिए निकल गए और घर पर चाची अकेली थी. उन्होंने बीमार होने का बहाना बना कर घर पर ही रुकने का फैसला किया था.

चाची ने मुझे टेक्स्ट किया और मैं उनके घर पहुँच गया. चाची बिस्तर पर लेटी हुई थी. मैं सीधा उनके बेडरूम में गया और उनके ऊपर लेट गया और किस करने लगा. चाची भी मेरा साथ दे रही थी. मेरा लंड खड़ा हो गया था जो चाची को उनकी चूत पर लग रहा था. कुछ देर बाद मैं खड़ा हो गया. चाची मेरे खड़े लंड को देख रही थी ओर मुझे वापस अपने ऊपर गिरा दिया. और फिर मुझे किस करने लगी. पता नहीं वो क्या चाहती थी.

मैं भी अब उनके बूब्स को दबाने लगा जिस से चाची को और मजा आने लगा. मैंने चाची से पूछा कुछ और चाहिए क्या तो वो हंसने लगी. मैं समझ गया की चाची चुदवाना चाहती हे! पर मैंने उस वक्त कुछ नहीं किया क्यूंकि मुझे कुछ काम से जाना था.

फिर मैं वहां से चला गया. रात को चाची का मेसेज आया और पूछने लगी क्यूँ गए तो मैंने बोला किस की बात हुई थी तो बस चला आया. तब चाची ने बोला की उनके मेरे साथ सोना हे मतलब उनको मेरे साथ चुदाई करनी थी. मैंने बोला चलो अभी कर लेते हे पीछे के बाथरूम में जाकर. कुछ हां ना के बाद वो रेडी हो गई. मैं उठकर उनके घर के पीछे बने बाथरूम में चला गया. कुछ देर वेट करने के बाद चाची भी वहां आ गई.

चाची ने अन्दर आकर दरवाजा लॉक कर दिया. फिर मैंने चाची की बाहों में भर लिया और किस करने लगा. चाची भी मुझे किस करने लगी. कभी मैं अपनी जबान उनके मुहं में डालता था और कभी वो मेरे मुहं में. बहुत मजा आ रहा था. फिर मैंने चाची के ब्लाउज के बटन को खोल दिए. उन्होंने ब्रा नहीं पहनी थी. मैं उनके बूब्स को दबाने लगा. चाची भी मदहोश होकर अह्ह्ह अह्ह्ह अह्ह्ह करने लगी.

फिर मैं उनके बूब्स चूसने लगा. चाची मेरे लंड को सहलाने लगी. और मेरे लोअर को खोल कर उसने मेरे लंड को बहार निकाल दिया. फिर वो मेरे लंड को पकड के मुठ मारने लगी. मुझे अच्छा लग रहा था. मैंने चाची को मुहं में लेने को कहा तो वो ना बोलने लगी. मेरे जोर करने पर वो मन गई और मेरे लंड को मुहं में लेकर चूसने लगी.

कुछ देर बाद मैंने चाची को खड़ा किया और उनका पेटीकोट ऊपर कर दिया. उन्होंने पेंटी भी नहीं पहनी थी. शायद इसलिए की हमें प्रॉब्लम ही ना हो और काम आसान हो जाए.

मैं चाची की चूत को अपने मुहं में भर के चाटना चालु कर दिया.  चाची अजीब सी आवाज निकालने लगी और जोर से अह्ह्ह्ह अह्ह्ह्ह, खा जा मेरी चूत को अह्ह्ह्ह अह्ह्ह्हह अह्ह्ह्हह. जोर से चूस के मेरा पानी निकाल दे मेरी जान!

और मेरी चाची का पानी निकल गया. चाची के पानी का सवाद एकदम नमकीन था. फिर मैं खड़ा हुआ और चाची को आगे की और झुका कर उनका पेटीकोट ऊपर कर दिया. फिर मैंने लंड को उनकी चूत पे लगाया और धीरे से धक्का लगाया. पूरा का पूरा लंड उनकी चूत में चला गया. इस पोजीशन में चाची को थोडा दर्द भी हो रहा था. पर वो मजे से मेरे लंड को अपनी चूत में निगल रही थी.

फिर मैं भी लंड को अन्दर बहार करने लगा. चाची आह्ह्ह अह्ह्ह्ह ऊऊह्ह्ह्ह अह्ह्ह्ह करने लगी. कुछ देर बाद चाची अकड गई और उनका पानी निकल गया. पर मेरा लंड अभी भी रोड की तरह खड़ा था जो चाची को अब चूत में लग रहा था. और वो बोल रही थी की बस करो अब अब तो नहीं सहा जाता. पर मैं कहा मानने वाला था. उनकी कमर को दबा कर पकड लिया और जोर जोर से धक्के लगाने लगा. चाची दर्द से कराह रही थी.

कुछ देर बाद मेरे लंड ने भी जवाब दे दिया. और मैंने आंटी की चूत में ही अपना सारा माल निकाल दिया. मेरे गरम माल गिरने से चाची भी दूसरी बार झड़ गई. फिर हम दोनों शांत हो गए और मैं चाची को किस करने लगा.

फिर हम दोनों चले गए और सो गए थक जो गए थे. सुबह जब मैंने चाची को देखा तो उनके फेस पर एक सुकून था. और मैंने मस्ती में पूछ लिया चाची कैसी हो? और आप की चूत का क्या हाल हे?तो चाची ने बताया की बहुत मजा आया पर चूत थोड़ी सूज गई हे मेरी. एक बार और सेक्स करना पड़ेगा उसे ठीक करने के लिए. मैंने भी हंस कर हां बोल दिया.

उसके बाद जब भी मौका मिला हमने खूब चुदाई की.

Hindi Porn Stories © 2016 All stories posted here are for entertainment purpose only. Non of them is related to a real incident. All stories are based on imagination. You must have at least 18 years old to visit our website and also have legal right to visit these kind of site in in your country. please contact us with the link if you think, a post should not be on this website, please contact us. We will remove it as soon as possible.