आशीष मेरी चूत खा जाओ!

हाई दोस्तों मेरा नाम आशीष हे और मैं मुंबई से हूँ. मेरा रंग साफ़ हे और लंड बड़ा हे. आज मैं आप को अपनी लाइफ का एक सच्चा अनुभव बताने जा रहा हूँ. ये मेरा सब से सुहाना सेक्स अनुभव था जो मुझे पूरी लाइफ याद रहेगा.

ये सेक्स कहानी में जो औरत हे वो एक 28 साल की बड़े बूब्स वाली और मस्त गांड वाली औरत हे. उसका पति एक बड़ा बिजनेशमेन हे. घर पर अकेली बोर होती थी इसलिए वो काम ही खोज रही थी. और उसने कुछ ही दिनों पहले मेरी कम्पनी ज्वाइन कर ली.

उसने और मैंने साथ में ही काम ज्वाइन किया था. और हमारे साथ कुछ और एम्प्लाइज भी थे. सब लोग एक दुसरे को अपना इंट्रो दे रहे थे ताकी साथ में काम करनेवालो को जान सके. और तभी मुझे पता चला की वो मेरिड हे. तब मैं सेक्स वगेरह को ले के उतना रोमांचित नहीं था. सच में तब मैं करियर माइंडेड था और मैं अपनी पोजीशन बनाना चाहता था. फिर हमारी ट्रेनिंग चालु हुई और ट्रेनिंग में सब लोग बेस्ट न्यू कमर के अवार्ड के लिए महनत कर रहे थे.

मैं पढ़ाई में अच्छा था और मुझे इस काम का पहले अनुभव भी था. इसलिए जाहिर था की मैं ट्रेनिंग में बाकियों से अच्छा था. इस मेरिड भाभी के सिवा बाकी सब लोग मेरी हेल्प लेते थे. वो ट्रेनिंग में अच्छा परफोर्म नहीं कर रही थी. और अक्सर उसके चहरे पर इसकी हताशा भी देखी जा सकती थी.

मैंने सामने से उसे मदद के लिए कहा. लेकिन उसने कहा नहीं ठीक हे. मुझे लगा की शायद वो मर्दों से बात करने में कतराती हे. और मुझे लगा की शायद उसके बेड परफॉरमेंस की वजह भी शायद उसकी शर्म ही थी.

फिर मैंने ट्रेनिंग के अन्दर उसके पास में बैठना चालू कर दिया. और मैं उसके साथ बात करने की कोशिश करने लगा. धीरे धीरे वो मेरे साथ घुलमिल सी गई. और फिर मेरे साथ रह के वो भी ट्रेनिंग में अच्छी परफॉर्म करने लगी.

फिर एक दिन उसका अच्छा मूड देख के मैंने उसका नम्बर मांग लिया. उसने भी दे दिया. फीर हम लोग बातें करने लगे. वो मुझे जोक्स वगेरह भी भेजती थी. और फिर मैंने एक दिन उसे न्यूड नॉन वेज जोक भेज दिया. उसने भी स्माइली भेज दी सामने इस जोक के रिप्लाय में और उसने लिखा के गुड जोक!

मैंने कहा आप लोग ऐसे जोक शेयर करते हो या नहीं. वो बोली हम मेरिड वुमन के बिच में ऐसे जोक शेयर होते हे. फिर उसने मुझे कुछ नॉन वेज जोक्स भेजे. फिर हम दोनों के बिच में पर्सनल और सेक्सुअल लाइफ की भी बातें होने लगी. उसने मुझे बताया की उसका पति सिर्फ काम में दिल लगाता था और उसके पास अपनी वाइफ के लिए टाइम ही नहीं था. मुझे लगा की इस औरत के साथ सेक्स के चान्सिस हे!

इस औरत से मुझे बाद में पता चला की उसका पति हफ्तों हफ्तों  बहार रहता था. और इन दोनों ने पिछले कुछ महीनो से सेक्स किया ही नहीं था. उसका पति पैसे का पुजारी हो गया था और अपनी बीवी की तरफ उसकी रूचि एकदम कम हो गई थी.

मैं समझ गया की वो प्यासी थी. लेकिन वो बहार सबंध नहीं बनाना चाहती थी. सच कहूँ तो वो ऐसी आस लगा के बैठी थी की एक दिन उसका पति उसे चोदेगा! मैंने उसे कहा की ये सब से अच्छा हे की आप सीक्रेट में सेक्सुअल सबंध बना लो किसी के साथ में. वो बोली नहीं ये तो गलत हे और मैं जोखम नहीं उठाना चाहती हूँ. और उसने कहा की मैं मेरिड हूँ और किसी के ऊपर कैसे भरोसा कर लूँ!

मैंने उस से कहा की क्या तूम मुझे एक दोस्त मानती हो? उसने कहा भला ये भी पूछने की बात हे लेकिन ये क्यूँ पूछा तुमने? मैंने कहा की क्या तुम मेरा भरोसा करती हो? उसने कहा हां करती हूँ ना. मैंने कहा की अगर हम दोनों एक कमरे में दो दिन के लिए अकेले हो तो क्या मेरे साथ अच्छा समय बिताओगी?

वो हंस पड़ी. मैं जान गया की वो समझ चुकी थी जो मैंने उसे बातो बातो में कह दिया था. फिर उसने और मैंने अगले वीकेंड पे मिलने का प्लान किया. मैंने सिटी की हद के बहार एक सेमी लक्जरी रिसोर्ट में बुकिंग कर ली थी. वो एकदम पटाखा लग रही थी उस दिन. उसे देख के मेरे अन्दर की कामुकता जाग चुकी थी. उसने जोन्स का स्कर्ट और एक छोटा टॉप पहना हुआ था जिसके अन्दर उसका पेट भी दिख रहा था. वो भी चुदासी मूड में ही लग रही थी मुझे.

रूम में जाते ही मैंने खाने के लिए मंगवा लिया. उसने कहा क्या करना हे खाने के बाद, बहार घूमेंगे? मैंने कहा मेरा साथ अच्छा नहीं हे? वो मेरे एकदम करीब आ गई और मुझे कहने लगी तुम्हारा साथ तो हमेशा अच्छा ही हे! और उसने मुझे एक स्मूच दे दिया. और ये स्मूच से पता चला की वो रेडी ही थी.

मैंने भी उसे टाईट चुम्मी दे के उसके बूब्स के ऊपर हाथ दबाया. वो कुछ नहीं बोली. मैंने हाथ को उसकी मोटी गांड के ऊपर रख के दबाया. वो जान गई की जल्दी ही हम दोनों के बिच में संभोग होना हे. उसने अपना टॉप खोल के कहा, आशीष चलो जो करना हे वो जल्दी जल्दी कर ही लेते हे!

जब एक औरत चुदासी होती हे तब आप के लिए मुश्किलें बढ़ जाती हे. क्यूंकि मर्द को उसकी प्यास बुझाने के लिए सक्षम होना खूब जरुरी हे. जैसे ही उसने अपना टॉप उतारा मैंने उसकी ब्रा और शोर्ट को निकाल दिया और मैं उसे हर जगह पर चूमने और बाईट देने लगा. मैंने उसे दिवार के पास खड़ा कर के उसकी पेंटी खिंची और उसकी चूत को खाने लगा. उसकी चूत गुलाब के फुल के जैसी खिली हुई थी और उसके अन्दर से मस्त महक भी आया रही थी. चुदवाने के लिए वो अपनी चूत को एकदम साफ़ कर के ही आई थी. उसकी चूत को खाने से जो मजा आ रहा था वो मैं आप को शब्दो में बता ही नहीं सकता दोस्तों. मैं उसकी चूत को जोर जोर से लिक करता गया.

उसने भी अपने हाथो को मेरे माथे के उपर दबा के अपनी चूत को घिसा मेरे मुहं पर. और वो जोर जोर से मोअन कर रही थी. अह्ह्ह अह्ह्ह्ह खा जाओ मेरे भोसड़े को आशीष, अह्ह्ह अह्ह्ह और जोर से करो प्लीज़. मैंने अपनी पूरी जबान को उसकी चूत में डाली तो वो मचल सी गई.

और फिर उसकी चूत के रस ने मेरे मुहं में बहना चालू कर दिया. मैं उसे पी गया.

फिर मैंने उसे अपना लंड चूसने के लिए दे दिया. उसने मुझे ब्लोवजोब देना चालू कर दिया. उसने जिस ढंग से लंड चूसा मुझे बहुत मजा आने लगा था. वो लंड चूसने की पक्की खिलाडी लग रही थी. मैंने उसे कहा, आप के हसबंड को तो बहुत मजा आता होगा लंड चूसा के.

उसने कहा मेरे हसबंड का तो मैंने मुहं में लिया ही नहीं कभी. और फिर उसने कहा की मैं ये सब पोर्न की मूवी देख के सीखीं हूँ!

अब मैं उसके साथ 69 पोजीशन में आ गया. और कसम से इस पोज में जो मजा हे वो आधे सेक्स की फिलिंग जैसा हे. कुछ देर तक ऐसे मस्त चूसने के बाद मैं उसके ऊपर मिशनरी पोज में आ गया. मैंने अपने लंड को उसकी चूत की गहराई में डाल दिया और उसे चोदने लगा. उसकी चूत एकदम चिकनी कर दी थी इसलिए लंड एकदम आराम से अंदर चला गया.

हम दोनों के बदन एक दुसरे के अन्दर समा से गए. साँसों के साथ साँसे मिल गई. और फिर हम दोनों सेक्स के दरिया में डूब गए.

उस पुरे वीकेंड में यानी की 2 पुरे दिन मैंने और उसने खूब सेक्स किया. उसकी चूत को मैंने फुला दी थी चूस चूस के और चोद चोद के.