ममता और जस्सी की चुदाई

हेलो दोस्तों मैं रोबिन सिंह, हाजिर हूं अपनी एक नई कहानी लेकर, ज्यादा बातों में उलजाते हुए आइए आनंद लीजिए मेरी कहानी का, अपने अपने लंड चूत पर हाथ रखिए और शुरू हो जाइए, पेश है ममता दीदी के साथ जस्सी की चुदाई की दास्तान.

संडे का दिन था मैं और ममता इंस्टिट्यूट से जल्दी आ गए थे, लंच वगैरह कर के हम यूं ही बैठे थे, कुछ देर बाद हमारे अंदर काम के कीड़े जाग गए और हम नंगे होकर धपा धप चुदाई कर रहे थे, मैंने ममता को सोफे पर लेटाया हुआ था और उसकी टांगें उठा कर उसकी चूत मार रहा था.

चूदाई में हम दोनों इतने खो गए थे कि हमने सांस लेने का मन नहीं था, ममता की आह ओह्ह हाह्ह ह्हुऊ अह्ह्ह यस्स अह्ह्ह ओह्ह औऔउ ओह्ह औऊ अहःह य्म्म्म आह्ह ओह्ह अह्ह्ह अयाय्य य्येस्स अहः ओह्ह सेक्सी आवाजें हमारे रुम के अंदर गूंज रही थी.

इतने में फ्लैट का दरवाजा खुला और जस्सी एकदम से अंदर आ गई जस्सी हमे ऐसे देख कर बोली सॉरी डिस्टर्ब नहीं करना चाहती थी इसलिए मैंने बेल नहीं बजाई और चाबी यूज करके अंदर आ गई, मुझे लगा तुम लोग अपने कमरे में होंगे, ममता बात को संभालने की कोशिश करने लगी.

ममता ने कहा : अरे नहीं वह तो बस हम यूं ही मस्ती कर रहे थे.

जस्सी ने कहा कोई बात नहीं यार मुझे पता है सब, रोज तुम्हारा सेक्स सीन देखती हु विंडो से और तुम्हारी सिसकियां मेरे रुम तक पहुंच जाती है.

ममता ने कहा तूने हमें बोला क्यों नहीं जस्सी?

जस्सी ने कहा बस यार मुझे लगा तुम्हारा इंजॉयमेंट डिस्टर्ब होगा, मेरा नहीं तो कम से कम तुम्हारा तो कोई ख्याल रखता है.

मैं हमारे कमरे में चला गया था जब यह सब उनकी बातें हो रही थी, ममता ने जस्सी को बोला अगर बात इंजॉयमेंट की है तो आजा आज सब मजा करते हैं, जस्सी ने कहा नहीं यार तू ही ले मजा, मुझे तो डर लगता है, ममता ने समझाया की कोई डरने वाली बात नहीं है.. रोबिन बहुत मजे देता है.

तेरे डील्डो से कही ज्यादा बड़ा और मोटा है उसका लौड़ा, जस्सी बोली कि इसीलिए तो डर लगता है, एक तो मैं पहले ही दुबली पतली हूं और ऊपर से उसका मोटा लौड़ा तो मेरी चीर फाड़ कर देगा.  ममता बोली डरो मत करो और उसका हाथ पकड़ कर हमारे रूम पर ले आई.

मैं चादर ओढ़ कर लेटा था, ममता बोली रोबिन आज इसका काम करना है, इस को लंड चाहिए बस और कुछ नहीं नाटक कर रही है, चूदना यह भी चाहती है, ममता ने जस्सी की सलवार खोली और उसे बेड पर गिरा दिया.

मैंने उसका कमीज निकाल दिया, ममता ने उसकी पैंटी निकाली और बोली यह देख नौटंकी पहले से चूत गीली करके बैठी है, मैंने उसका ब्रा नीचे किया और उसके छोटे छोटे गोरे बूब्स चूसने लगा.

ममता ने उसकी चूत पर अपना मुंह लगा दिया ऐसे जसी पर दोतरफा हमला हो गया जस्सी आह ओह अह्ह्ह ओह्ह अह्ह्ह औउ ऊम्म्म आवाज करने लगी थोड़ी देर बाद मैंने जस्सी के हाथ में मेरा लंड दे दिया.

जस्सी ने थोड़ी देर लंड हिलाया पर जैसे ही लंड बड़ा हुआ उसने लंड मुंह में लिया और चूसने लग गई. जस्सी लेटे लेटे नीचे अपनी चूत चुसवा रही थी और ऊपर खुद मेरा लंड चूस रही थी, मैंने उसके बालों के साथ साथ उसके बूब्स सहला रहा था, छोटे छोटे बूब्स के उसके निप्पल तन गए थे. मतलब अब वह लंड लेने को तैयार थी.

मैं बेड से उतरा और नीचे जस्सी को साइड पर कर के उसकी चूत पर आ गया, मैंने थोड़ी देर उसकी चूत में दो उंगलियां डाली.

मैंने लंड उसकी चूत पर रखा थोड़ा उसकी चूत पर रगड़ा और मैंने हल्का सा जोर लगाया और लंड आधा उसकी चूत में चला गया, जस्सी हाय मां आराम से प्लीज, बड़ा है बहुत, मैंने धीरे धीरे आधा लंड अंदर बाहर किया, ममता उसके बूब्स हाथों से सहला रही थी.

२ मिनट के बाद मैंने आगे बढ़ने की सोची, जैसे ही आधा लंड अंदर हुआ मेंने और जोर लगाया लंड सारा उसकी चूत में चला गया और वह चिल्लाने लग गई आह ओह अह्ह्ह ओह अह्ह्ह ओह अह्ह्ह ओह हां धीरे धीरे प्लीज़ ममता जीतनी बड़ी चूत नहीं है मेरी.

ममता बोली कोई बात नहीं आज के बाद तेरी भी बडी ही होगी, मैंने स्पीड बढ़ाई और जस्सी की छोटी से चूत में मेरा लंड अपना राक्षसी रूप दिखाने लगा, जस्सी ममता को स्मूच करने लगी.

जस्सी जैसे जड़ी तो उसने अपने हाथ हिलाते हुए मुझे इशारा कर दिया के उसका काम हो चुका है मैं साइड पर हट गया,  जस्सी बोली ममता अब तू आ तेरा मजा अधूरा रह गया होगा ना, ममता मेरे आगे आकर लेट गई, जस्सी उठी और मुझे स्मूच करने लग गई, मैंने भी उसके बालों को पकड़ा और पूरे जोर से उसे स्मूच करने लगा,ममता बेड पर मेरा वेट कर रही थी. फिर हम दोनों के होठ अलग हुए और जस्सी बोली इस की गांड में डाल इसको पता चले कि दर्द क्या होता है.

ममता बोली नहीं नहीं प्लीज अभी नहीं, जस्सी बोली अब तू ड्रामें मत कर, रॉबिन तो तुझे पहले दिन से ही गांड में चोदना चाहता था, ममता बोली हरामी कहीं कि, तू कितने दिन से ही हमें देख रही है? जस्सी ने रिप्लाई किया हां तुमने खिड़की का पर्दा तो लगाया नहीं था कभी, मैं पानी पीने उठती और तुम्हारे कामवासना का बहता हुआ झरना देख लेती और वैसे भी इतना जोर से आवाज कर रही थी कि मेरे जाने के बाद भी मेरे कमरे तक तेरी आवाज़ आती थी.

जस्सी ने तेल पकड़ा और ममता की गांड पर लगा दिया और बोली इसे आसानी हो जाएगी मरवाने में, ममता बेड पर लेटी थी जस्सी ने उसके पैर ऊपर कर दिए और अपने हाथों से उसकी गांड स्ट्रेच करने लगी.

मैंने लंड ममता की गांड के होल पर लगाया और दम लगाना शुरु कर दिया, बहुत जोर लगाने के बाद लंड तीन चार इंच अंदर गया, इतने में ही ममता की चीखें निकल गई और वह नहीं मत करो, प्लीज़ बहुत दर्द हो रहा है, कर रही थी. गांड इतनी टाइट थी कि मेरे भी पसीने छूट गए, मैंने लंड निकाला और जस्सी ने थोड़ा सहलाया और कुछ देर तक चूस के फिर से ममता की गांड पर लगा दिया.

मैंने इस बार पूरी शिद्दत से लंड पर जोर लगाया और लंड काफी ममता की गांड के अंदर चला गया, ममता अपने मुंह पर हाथ रखकर आवाज कर रही थी, मैंने जितना भी लंड उसकी गांड में जा रहा था उसी को अंदर बाहर करना शुरू कर दिया.

१० मिनट बाद कुछ आसानी हो गई और लंड अब आराम से उसकी गांड में अपनी जगह बनाते हुए अंदर बाहर हो रहा था, और उसकी गांड के होल को बड़ा कर रहा था. जस्सी ममता के ऊपर आकर मेरी तरफ फेस करके उसकी गांड में आते जाते लंड को देख रही थी, तभी वह बोली देख कैसे इसकी गांड की गुफा बन रही है, बहुत मजा आ रहा होगा ना ममता? ममता ने रिप्लाई किया तुझे कल पता चलेगा कमीनी जब तेरी गांड मरवाऊंगी.

ममता की गांड मारने में परमानंद का अनुभव हो रहा था. उसकी मोटी गांड में लंड को जाता देख बहुत मजा आ रहा था, ममता भी अब इंजॉय कर रही थी, हालांकि उसके मुंह से कोई आवाज तो नहीं निकल रही थी पर फिर भी उसकी सांसो में हल्की हल्की सिसकियां भरी हुई थी.

मैं और जस्सी एक दूसरे के होंठ चूस रहे थे, मैंने उसे बताया कि मैं झड़ने वाला हूं. जस्सी ने होठ चूसते हुए लंड ममता की गांड से निकाल कर हाथों में लिया और हिला हिला के लंड से सारा पानी अपने बदन पर ले लिया.