मेरी माँ का ऑफिस वर्क

हेलो दोस्तों, एक बार फिर से मेरी नई कहानी लेकर आपके सामने आया हूं. मेरे एक रिडर ने मेल किया है कि वह चाहता है कि मैं उसकी स्टोरी आप सबसे शेयर करूं, और आप उसकी मां को चोदो, अगर कोई भी मेरे रीडर की मां को चोदना चाहे तो आप उस को मेल कर सकते हो, अब आगे की स्टोरी मेरे रीडर की जुबानी.

हेलो दोस्तों मेरा नाम परेश दास है, और मेरी उम्र २४ साल है, यह मेरा रियल लाइफ इंसिडेंट है, यह 2013 का है लेकिन आज हिम्मत करके मेंने यह स्टोरी सुनील को मेल करी और उसको यहां पोस्ट करने को बोला. अब में स्टोरी पर आता हूं, मेरे घर में बस मैं और मेरी मां ही रहते हैं.

मेरी मां का नाम प्रशांति है उसकी फिगर तो पता नहीं लेकिन बूब्स और गांड बहुत बड़ी है, पापा किसी ऑफिस में जॉब करते थे लेकिन पापा की २००५ में डेथ हो गई तो पापा की पोस्ट मां को मिल गई. तब से सब ठीक चल रहा था. मैं अपनी मां के साथ उड़ीसा में रहता था, लेकिन २००८ में मां का भुवनेश्वर में ट्रांसफर हो गया और वह वहां सैटल हो गई.

मां अब ओडिशा में रहती है, में कभी अपनी मां को मिलने के लिए वहां जाता हूं. एक दिन में मां को मिलने गया हुआ था तो शाम को मैं टीवी  देख रहा था और मोम किचन में काम कर रही थी, तभी डोर बेल बजी.

तो मां ने मुझे डोर ओपन करने को कहा जब मैंने डोर खोला तो एक लड़का खड़ा था तब माँ ने पूछा कि कौन है? मैंने बताया कि कोई लड़का है. तब मोम किचन से बाहर आई और उसको बोली कि अरे रवि तुम? आओ अंदर आ जाओ. तो मैंने मां को पूछा की क्या तुम इस को जानती हो? तो मां बोली के हां यह मेरे ऑफिस में मेरे साथ काम करता है इसका नाम रवि शंकर है.

तो मैंने उसको हेलो बोला और वापिस टीवी देखने लगा. तभी मां ने पूछा कि कैसे आना हुआ? तो वह बोला की कोई ऑफिस का काम है उस के चक्कर में आया है. और आज रात यही रुकेगा. रात का नाम सुनते ही मोम खुश हो गई. फिर रात को हम सब डिनर करने बैठ गए डिनर करने के बाद मैं अपने रूम में चला गया.

मैंने देखा कि रवि और मां अभी भी बातें कर रहे थे, तो मेने सोचा कि ऑफिस प्रोजेक्ट डिस्कस कर रहे होंगे, फिर मैं अपने रूम में सोने के लिए चला गया. रात को जब मुज़े सुसु लगी तो मैं वॉशरूम की तरफ चल पड़ा तो देखा की मां के रूम की लाइट जल रही थी, तो मैं जल्दी से सुसु करके आया और कीहोल से मां के रूम में देखने लगा.

अंदर का नजारा देख कर तो मेरे पैरों से जमीन निकल गई, मैं तो हैरान हो गया  यह सब देखकर. मेरा लंड भी खड़ा हो गया और माँ और रवि दोनों नंगे थे, रवि बेड पर लेटा हुआ था और माँ घुटनों के बल बैठ कर उसका लंड चूस रही थी.

जब मैंने मां के रूम में देखा तो मुझे थोड़ा गुस्सा आया कि यह क्या हो रहा है? लेकिन बाद में सोचा कि माँ अपनी मर्जी से यह सब कर रही है तो मैं कौन होता हूं गुस्सा करने वाला? माँ अभी भी लंड चूस रही थी और रवी मजे में मोन कर रहा था.

फिर कुछ देर बाद लंड चूसवाकर रवि ने मां को बेड पर लेटाया और मां की टांगों के बीच आकर मां की टांगे को खोलने लगा. मां की चूत घने काले बालों से भरी हुई थी तो रवि ने मां की चूत के बाल को पकड़ा और खींचने लगा, तो मां की चीख निकल गई और रवि हंसने लगा.

फिर उसने चूत के बाल साइड कीये और माँ की चूत चाटने लगा. माँ भी इंजॉय कर रही थी. माँ उसका सर अपनी चूत पर दबा रही थी तभी माँ ने सिसकी भरी और अपना पानी छोड़ दिया जो रवीना सारा पी लिया.

फिर रवि ने अपना लंड निकाला उसका लंड पूरा काला था लेकिन मोटा और लंबा था. रवि का लंड भी बालों से भरा हुआ था. तब उसने अपना लंड  मां की चूत पर रगड़ा और  जोर का धक्का मारा और रवि का पूरा का पूरा लंड मा की चूत में घुस गया इसके साथ ही मां की चीख निकल गई, शायद पानी छोड़ने की वजह से रवि का लंड  पहली बार में ही घुस गया था.

फिर रवि ने धक्के लगाने शुरू किए, हर धक्के के साथ मां के बूब्स हील रहे थे. मां पुरी रंडी की तरह लग रही थी. वह लगातार मेरी मां को चोद रहा था, लेकिन एक बार भी डिस्चार्ज नहीं हुआ. इतने में ही उसने मां की चूत में अपना पानी छोड़ दिया. फिर रवि ने मां को डॉगी स्टाइल में किया और मां के पीछे आ गया. तब उसने अपनी फिंगर पर थोड़ा थूक लगाया

और मां की गांड में लगाया और बोला कि प्रशांति आज तेरी गांड भी मारूंगा तो मेरी मां बिल्कुल भी डरी नहीं. वह बस हंसने लगी और बोली के सब कुछ तुम्हारा है तुम आज मुझे चोदो, फिर रवि ने लंड माँ के गांड के छेद पर रखा और जोर का धक्का दिया.

लेकिन उसका लंड गांड में घुसा नहीं, तो मां उठी और वेसलिन की बोतल लेकर रवि के हाथ में पकड़ा दी और बोली कि इसको यूज करो. फिर रवि ने वेसेलिन मां की गांड पर लगाई और थोड़ी अपने लंड पर, फिर उसने माँ की गांड पर लंड सेट किया और जबरदस्त धक्का मारा.

रवि का लंड माँ की गांड को पेलता हुआ अंदर घुस गया और मां की आंखों में आंसू थे, मां की गांड मारने के बाद रवि ने अपना लंड बाहर निकाला उसने फिर मां को बेड़ पर एक साइड करके लेटा दिया और उसने मां की राइट लेग ऊपर की और फिर अपना लंड मां की चूत में डाल दिया और चुदाई शुरू कर दी.

इस बार वह मां को चोदने के साथ साथ मां के बूब्स पर झपट भी मार रहा था. रवि ने जपट मार मार के मां के बूब्स वाइट से लाल कर दिए, तब मैं दर्द से रोने लगी और उसको बूब्स पर झपट मारने से मना करने लगी. तब बस रवि फिर माँ के बूब्स दबाने लगा, इस पोजीशन में कुछ टाइम चोदने के बाद रवि एक बार फिर मां की चूत में जड़ गया.

फिर उसने अपना लंड निकाला और मैंने उसका लंड चूस  चूस कर पूरा साफ कर दिया, तो फ्रेंड यह थी मेरी मां की उसके ऑफिस बॉय के साथ चुदाई की स्टोरी और यह चुदाई आज भी चल रही है, एक बार तो मां प्रेग्नेंट भी हो चुकी थी लेकिन एबोरशन करवा दिया. अगर कोई भी मेरी रंडी मां को चोदना चाहे तो मुझे मेल करें.

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